स्वाद का ऐसा खजाना जिसे एक बार बनाइए और सालभर मजे से खाइए

भारतीय रसोई की बात जब भी आती है, तो बिना अचार के हमारी पारंपरिक थाली अधूरी सी लगती है। आज के इस भागदौड़ भरे दौर में भले ही हम बाजार के रेडीमेड अचारों के आदी हो चुके हों, लेकिन जो सुकून और स्वाद दादी-नानी के हाथों से बने मर्तबान वाले अचार में था, उसकी तुलना किसी से नहीं की जा सकती। इसी पुराने और लाजवाब स्वाद को वापस लाने के लिए आज हम आपके साथ साझा कर रहे हैं राजस्थान की पारंपरिक संस्कृति और स्वाद से भरपूर नींबू-अदरक के अचार की बेहद खास रेसिपी। यह अचार तीखा, चटपटा और हल्का खट्टा-मीठा होता है, जो साधारण से साधारण खाने जैसे दाल-चावल, पराठे या पूरी के स्वाद को भी कई गुना बढ़ा देता है। इसे घर पर बनाना बेहद आसान है और इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह लंबे समय तक खराब नहीं होता।
गुणों की खान है नींबू और अदरक का यह बेजोड़ कॉम्बिनेशन, स्वाद के साथ सेहत का भी रखेगा पूरा ध्यान यह राजस्थानी अचार सिर्फ आपकी जुबान को ही नहीं सहेजेगा, बल्कि आयुर्वेद और स्वास्थ्य के लिहाज से भी इसे एक औषधि की तरह माना गया है। नींबू में प्रचुर मात्रा में पाया जाने वाला विटामिन सी और अदरक के एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण मिलकर शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) को मजबूत करते हैं। भारी या तैलीय भोजन करने के बाद यदि इस अचार का थोड़ा सा भी सेवन किया जाए, तो यह पेट के भारीपन, गैस, अपच और बदहजमी जैसी समस्याओं को मिनटों में दूर कर देता है। राजस्थान के सूखे और गर्म मौसम में इस तरह के मसालों का संयोजन किया जाता है जो शरीर के भीतर पाचक रसों को सक्रिय करते हैं और भूख को बढ़ाते हैं, जिससे यह हर मौसम के लिए एक परफेक्ट और हेल्दी चॉइस बन जाता है।
सीक्रेट मसालों के साथ ऐसे करें तैयार, इन खास ट्रिक्स को अपनाने से सालभर तक नहीं लगेगा फंगस नींबू-अदरक का यह लाजवाब अचार तैयार करने के लिए सबसे पहले आपको एकदम साफ, बिना दाग वाले रसीले नींबू और ताजा अदरक की जरूरत होगी। नींबू को मनचाहे टुकड़ों में काटने और अदरक को लंबे लच्छों में काटने के बाद इन्हें अच्छी तरह सुखा लेना चाहिए ताकि नमी पूरी तरह खत्म हो जाए। इसके बाद इसमें भुना हुआ जीरा, अजवाइन, सौंफ, कलौंजी, हींग, काला नमक और थोड़ी सी कश्मीरी लाल मिर्च का पाउडर मिलाया जाता है। दादी-नानी का सबसे बड़ा सीक्रेट यह है कि अचार में कभी भी गीले चम्मच का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए और इसे हमेशा कांच या चीनी मिट्टी के साफ मर्तबान में ही स्टोर करना चाहिए। शुरुआत के कुछ दिनों तक इसे धूप दिखाने से मसालों का फ्लेवर नींबू के भीतर तक समा जाता है, जिससे इसका स्वाद दिन-ब-दिन और बेहतर होता जाता है।