इमरान खान की बिगड़ी सेहत: मेडिकल रिपोर्ट में ‘एंग्जाइटी लेवल 3+’ का खुलासा, सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर अस्पताल में होंगे भर्ती

पाकिस्तान की राजनीति और जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के स्वास्थ्य को लेकर एक बार फिर बड़ी और गंभीर खबर सामने आई है। लगातार बिगड़ती सेहत और मेडिकल रिपोर्ट्स को गंभीरता से लेते हुए पाकिस्तानी सुप्रीम कोर्ट ने इमरान खान के इलाज से जुड़ा एक अहम अंतरिम आदेश जारी किया है। अदालत ने उन्हें तुरंत इस्लामाबाद के प्रतिष्ठित शिफा इंटरनेशनल हॉस्पिटल में भर्ती करने और उनके इलाज के लिए एक विशेष मेडिकल बोर्ड गठित करने का निर्देश दिया है।
सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश और मेडिकल बोर्ड का गठन
मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट की तीन सदस्यीय पीठ ने पीटीआई नेताओं और इमरान खान की बहन की ओर से दायर याचिकाओं पर सुनवाई की। अदालत ने स्पष्ट किया कि गठित होने वाले विशेष मेडिकल बोर्ड में इमरान खान के निजी चिकित्सक डॉ. फैसल और उनकी बहन उजमा खान को भी शामिल किया जाएगा। साथ ही, अदालत ने पार्टी को यह सख्त हिदायत भी दी है कि पूर्व प्रधानमंत्री के स्वास्थ्य को लेकर किसी भी प्रकार की राजनीति न की जाए। अदालत के निर्देशानुसार, इमरान खान अगली सुनवाई (16 सितंबर) तक अस्पताल की निगरानी में रहेंगे, जहां उनकी स्वास्थ्य रिपोर्ट फिर से कोर्ट में पेश की जाएगी।
मेडिकल रिपोर्ट में क्या आया सामने?
अदियाला जेल के अधीक्षक द्वारा सुप्रीम कोर्ट में सौंपी गई आधिकारिक मेडिकल रिपोर्ट के अनुसार, 73 वर्षीय इमरान खान के स्वास्थ्य को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं:
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गंभीर एंग्जाइटी: रिपोर्ट में उन्हें 'थ्री प्लस' स्तर की गंभीर एंग्जाइटी और पैनिक के लक्षण से पीड़ित बताया गया है, जिसे मनोवैज्ञानिक रूप से काफी संवेदनशील माना जाता है।
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वाइटल साइन्स: जांच के दौरान उनका ब्लड प्रेशर 140/80 और पल्स रेट 54 प्रति मिनट दर्ज किया गया। हालांकि उनकी ईसीजी सामान्य आई है और हृदय संबंधी पैरामीटर ठीक बताए गए हैं।
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सुझाव और रिकवरी: मेडिकल बोर्ड ने उन्हें मानसिक तनाव से दूर रहने, नियमित रूप से एक घंटा टहलने तथा पढ़ने के लिए किताबें, समाचार पत्र और पत्रिकाएं उपलब्ध कराने की सिफारिश की है।
एंग्जाइटी 'लेवल थ्री प्लस' का मतलब और पारिवारिक मुलाकातें
विशेषज्ञों के अनुसार, एंग्जाइटी का यह स्तर लंबे समय तक एकांत में रहने और बाहरी दुनिया से संवाद सीमित होने के कारण और अधिक बढ़ सकता है। इसे नियंत्रित करने के लिए सकारात्मक माहौल और अपनों से मेल-जोल को जरूरी बताया गया है। दूसरी ओर, जेल प्रशासन ने अदालत को बताया कि नियमों के तहत उन्हें पारिवारिक मुलाकातें प्रदान की जा रही हैं। अब सबकी नजरें शिफा इंटरनेशनल हॉस्पिटल में होने वाले उनके इलाज और 16 सितंबर को होने वाली अगली न्यायिक कार्रवाई पर टिकी हैं।