Sawan 2026 1st Day: सावन के पहले दिन UP के शिवालयों में उमड़ा आस्था का महासैलाब, काशी में VIP दर्शन पर रोक

भगवान भोलेनाथ की आराधना का सबसे पावन महीना सावन आज से औपचारिक रूप से शुरू हो चुका है। पहले ही दिन शुभ मुहूर्त (ब्रह्म मुहूर्त और अभिजीत मुहूर्त) में शिवलिंग पर जलाभिषेक और पूजन-अर्चन के लिए देश भर के मंदिरों में भक्तों का तांता लग गया। उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरियों—काशी (वाराणसी), प्रयागराज, अयोध्या, कानपुर, लखनऊ, देवरिया और गोरखपुर—में तड़के सुबह से ही शिवालयों के बाहर श्रद्धालुओं की लंबी-लंबी कतारें दिखाई दे रही हैं। हर तरफ 'हर-हर महादेव' और 'बम-बम भोले' के जयकारे गूंज रहे हैं।
काशी विश्वनाथ धाम: VIP और स्पर्श दर्शन पूरी तरह बंद
वाराणसी स्थित बाबा विश्वनाथ के दरबार में सुरक्षा और व्यवस्था का अभूतपूर्व स्तर देखने को मिल रहा है। सावन के पूरे महीने आम श्रद्धालुओं को बिना किसी रुकावट के सुगम दर्शन मिल सके, इसके लिए मंदिर प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है:
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वीआईपी और स्पर्श दर्शन बंद: पूरे सावन भर स्पर्श दर्शन, प्रोटोकॉल और वीआईपी दर्शन को पूरी तरह निलंबित कर दिया गया है।
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तगड़ा सुरक्षा घेरा: धाम परिसर और आसपास 5,000 से अधिक पुलिसकर्मियों, पीएसी (PAC), सीआरपीएफ़ (CRPF), एनडीआरएफ़ (NDRF) और जल पुलिस की तैनाती की गई है।
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हाई-टेक निगरानी: एआई (AI) कैमरे, त्रिनेत्र प्रणाली और 24 घंटे उड़ने वाले टीथर्ड ड्रोन से नभ और थल दोनों जगह से कड़ी चौकसी रखी जा रही है।
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7 सुगम एंट्री प्वाइंट: कतारों को व्यवस्थित रखने के लिए नंदू फारिया, सिल्को, ढुंढिराज, सरस्वती फाटक और भैरव द्वार समेत 7 प्रवेश द्वार चालू किए गए हैं।
श्रद्धालुओं के लिए खास सुविधाएं: धूप और गर्मी से बचाने के लिए जर्मन हैंगर और रेड कारपेट बिछाए गए हैं। बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांगों के लिए मैदागिन व गोदौलिया से मुफ्त ई-रिक्शा और गोल्फ कार्ट की सुविधा दी गई है। ओआरएस, पीने का पानी, ग्लूकोज और डॉक्टरों की 24 घंटे मुस्तैद टीम तैनात है। घर बैठे दर्शन के लिए आधिकारिक पोर्टल पर लाइव स्ट्रीमिंग भी चालू की गई है।
प्रयागराज, अयोध्या और कानपुर में भी उमड़ा भक्तों का हुजूम
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प्रयागराज: संगम नगरी प्रयागराज के अति प्राचीन मनकामेश्वर महादेव मंदिर में तड़के मंगला आरती के साथ ही दर्शन-पूजन शुरू हुआ। भक्त गंगाजल, बेलपत्र और धतूरा चढ़ाकर मन्नतें मांग रहे हैं।
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अयोध्या: सरयू तट के पास स्थित ऐतिहासिक नागेश्वरनाथ मंदिर में हजारों श्रद्धालुओं ने बाबा भोलेनाथ का जलाभिषेक किया।
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कानपुर व देवरिया: कानपुर के प्रसिद्ध आनंदेश्वर मंदिर (परमट) और देवरिया के शिव मंदिरों में सुबह 3 बजे से ही कतारें लगनी शुरू हो गईं।
5.5 करोड़ श्रद्धालुओं के आने का अनुमान, 3 शिफ्टों में ड्यूटी
प्रशासन का अनुमान है कि इस बार सावन के महीने में उत्तर प्रदेश के प्रमुख शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं की संख्या में 5 से 10% की बढ़ोतरी होगी और कुल 5.5 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचेंगे।
भीड़ नियंत्रण के लिए 21 पुलिस चौकियां और 13 ट्रैफिक चौकियां बनाई गई हैं। 10,000 से अधिक सुरक्षाकर्मियों को तीन अलग-अलग शिफ्टों में तैनात किया गया है ताकि व्यवस्था सुचारू बनी रहे। आगामी 3 अगस्त को सावन का पहला सोमवार पड़ेगा, जिस दिन भीड़ का नया रिकॉर्ड बनने की उम्मीद है।