वजन कम करने के बाद दोबारा बढ़ने से कैसे रोकें? अपनाएं ये 5 कारगर तरीके

वजन कम करना किसी जंग जीतने से कम नहीं होता, लेकिन असली चुनौती तो उसके बाद शुरू होती है। अक्सर देखा गया है कि लोग कड़ी मेहनत, डाइटिंग और वर्कआउट करके वजन तो घटा लेते हैं, लेकिन कुछ ही महीनों बाद उनका वजन दोबारा बढ़ने लगता है। इसे फिटनेस की भाषा में 'यो-यो इफेक्ट' (Yo-Yo Effect) कहा जाता है। जब आप अचानक से अपनी सख्त डाइट या वर्कआउट बंद कर देते हैं, तो शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा पड़ जाता है और घटाया हुआ वजन तेजी से वापस लौटने लगता है। यदि आप भी इस समस्या से परेशान हैं और अपने फिट शरीर को लंबे समय तक मेंटेन रखना चाहते हैं, तो आपको अपनी जीवनशैली में कुछ स्थायी बदलाव करने होंगे।
1. क्रैश डाइटिंग छोड़ें और सस्टेनेबल डाइट अपनाएं
वजन दोबारा बढ़ने का सबसे बड़ा कारण क्रैश डाइट या अत्यधिक सख्त डाइटिंग होती है। जब आप शरीर को अचानक बहुत कम कैलोरी देते हैं, तो वजन तेजी से घटता है, लेकिन जैसे ही आप सामान्य भोजन पर लौटते हैं, वजन दोगुना तेजी से बढ़ता है। इसलिए ऐसी डाइट चुनें जिसे आप जिंदगी भर आसानी से फॉलो कर सकें। अपनी थाली में प्रोटीन, फाइबर, कॉम्पलेक्स काबोर्हाइड्रेट्स और हेल्दी फैट्स का सही संतुलन रखें। प्रोटीन और फाइबर से आपका पेट लंबे समय तक भरा रहता है और बार-बार भूख नहीं लगती।
2. स्ट्रेंथ ट्रेनिंग और वेट लिफ्टिंग को रूटीन में शामिल करें
केवल कार्डियो (जैसे दौड़ना या साइकिल चलाना) करने से फैट के साथ-साथ मसल्स (मांसपेशियां) भी कम होने लगती हैं, जिससे मेटाबॉलिज्म सुस्त हो जाता है। वजन को मेंटेन रखने के लिए हफ्ते में कम से कम 3 से 4 दिन स्ट्रेंथ ट्रेनिंग या वेट लिफ्टिंग जरूर करें। मांसपेशियों का निर्माण होने से शरीर आराम की स्थिति में भी ज्यादा कैलोरी बर्न करता है, जिससे वजन दोबारा नहीं बढ़ता।
3. रोजमर्रा की शारीरिक गतिविधि (NEAT) बढ़ाएं
जिम में 1 घंटा बिताने के अलावा यह भी मायने रखता है कि आप दिन के बाकी 23 घंटे कैसे बिताते हैं। इसे NEAT (Non-Exercise Activity Thermogenesis) कहा जाता है। लिफ्ट की जगह सीढ़ियों का इस्तेमाल करें, फोन पर बात करते समय टहलें, और लगातार घंटों एक ही जगह बैठने से बचें। दिन भर में कम से कम 8,000 से 10,000 कदम चलने का लक्ष्य रखें।
4. पर्याप्त नींद लें और तनाव को नियंत्रित करें
कम नींद लेना और ज्यादा तनाव होना वजन बढ़ने के दो सबसे बड़े गुप्त कारण हैं। जब आप पर्याप्त नींद नहीं लेते, तो शरीर में 'ग्रेलिन' (भूख बढ़ाने वाला हार्मोन) बढ़ता है और 'लेप्टिन' (पेट भरने का अहसास कराने वाला हार्मोन) घटता है। इसके अलावा, मानसिक तनाव से 'कोर्टिसोल' हार्मोन रिलीज होता है, जो पेट के आसपास जिद्दी फैट जमा करता है। इसलिए रोजाना 7 से 8 घंटे की गहरी नींद लें और योग या मेडिटेशन के जरिए तनाव कम करें।
5. नियमित रूप से अपना वजन ट्रैक करें
वजन कम होने के बाद पूरी तरह बेफिक्र न हो जाएं। हफ्ते में या 15 दिन में एक बार निश्चित समय पर (सुबह खाली पेट) अपना वजन जरूर मापें। यदि आपको लगता है कि आपका वजन 1-2 किलो बढ़ रहा है, तो आप तुरंत सावधान हो सकते हैं और अपनी डाइट या वर्कआउट में समय रहते सुधार कर सकते हैं।