रील्स के चक्कर में खतरे में पड़ी मासूम की जान! ब्रिज की रेलिंग पर चढ़ा बच्चा, अलर्ट राहगीर ने ऐन वक्त पर खींचकर बचाई जिंदगी, वायरल वीडियो देख भड़के लोग

आज के डिजिटल दौर में सोशल मीडिया पर लाइक्स, व्यूज और फॉलोअर्स पाने की होड़ इतनी बढ़ चुकी है कि लोग अपने आसपास के माहौल और खतरों को पूरी तरह नजरअंदाज कर रहे हैं। हाल ही में इंटरनेट पर एक बेहद चौंकाने वाला और आंखें खोल देने वाला वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में देखा जा सकता है कि कैसे एक मां अपने मोबाइल फोन में रील्स और वीडियो बनाने में इतनी मग्न थी कि उसका छोटा बच्चा चलते-चलते एक ऊंचे ब्रिज (पुल) की रेलिंग और खतरनाक किनारे तक पहुंच गया। गनीमत यह रही कि वहां से गुजर रहे एक सतर्क शख्स की नजर समय रहते उस मासूम पर पड़ गई, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया।
रील्स का खौफनाक जुनून: मां कैमरे के सामने, बच्चा मौत के मुहाने पर
वायरल हो रहे इस वीडियो में साफ दिख रहा है कि एक महिला पुल के किनारे अपने फोन को कहीं टिकाकर या किसी अन्य व्यक्ति से खुद की रील शूट करवा रही थी। वह अलग-अलग एंगल से पोज देने और गानों पर एक्ट करने में पूरी तरह खोई हुई थी। इस दौरान उसका नन्हा बच्चा, जो मुश्किल से दो या तीन साल का लग रहा है, धीरे-धीरे पैदल चलते हुए पुल के उस हिस्से की ओर बढ़ने लगा जहां कोई मजबूत घेराबंदी नहीं थी। बच्चा खेलते-खेलते बिल्कुल किनारे तक पहुंच गया और नीचे देखने की कोशिश करने लगा। यदि एक सेकेंड की भी देरी होती तो बच्चा सीधे नीचे गिर सकता था।
'देवदूत' बनकर आया अनजान शख्स, पलक झपकते ही बचाई मासूम की जान
जिस वक्त बच्चा खतरे के बिल्कुल करीब था, उसी दौरान वहां से गुजर रहे एक राहगीर की नजर उस मासूम पर पड़ी। स्थिति की गंभीरता को भांपते ही उस शख्स ने एक पल की भी देरी नहीं की। वह दौड़कर बच्चा गिरा ही वाला था कि उसने झपटकर बच्चे को पीछे की ओर खींच लिया। इसके बाद उस व्यक्ति ने तुरंत महिला की तरफ ध्यान दिलाया और उसे उसकी इस गंभीर लापरवाही पर फटकार लगाई। जब महिला को स्थिति का अहसास हुआ, तो उसके हाथ-पांव फूल गए। राहगीर की इस त्वरित समझदारी और सूझबूझ की वजह से एक परिवार हंसते-खेलते बड़े हादसे का शिकार होने से बच गया।
सोशल मीडिया पर फूटा नेटिजन्स का गुस्सा, पैरेंटिंग पर उठे गंभीर सवाल
यह वीडियो जैसे ही इंस्टाग्राम, एक्स (ट्विटर) और फेसबुक जैसे प्रमुख प्लेटफॉर्म्स पर शेयर किया गया, वैसे ही यह आग की तरह फैल गया। लाखों बार देखे जा चुके इस वीडियो पर यूजर्स की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। लोगों ने महिला की इस लापरवाही पर कड़ा रोष जताया है। अधिकांश यूजर्स का कहना है कि वर्चुअल दुनिया में चंद सेकंड की रील्स बनाने के लिए अपने बच्चे की जिंदगी को दांव पर लगाना बेहद शर्मनाक और गैर-जिम्मेदाराना हरकत है। कई यूजर्स ने बच्चे की जान बचाने वाले उस अनजान राहगीर को असली 'हीरो' और 'देवदूत' करार दिया है।
सार्वजनिक स्थानों पर बच्चों की सुरक्षा और डिजिटल एडिक्शन से बचाव
यह घटना केवल एक वायरल वीडियो भर नहीं है, बल्कि उन सभी माता-पिता के लिए एक चेतावनी है जो सार्वजनिक स्थानों, छतों, बालकनी या नदियों के किनारे बच्चों के साथ घूमते समय अपना ध्यान मोबाइल स्क्रीन में गड़ाए रखते हैं। बच्चों की सुरक्षा को लेकर सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि खासकर पुल, रेलवे स्टेशन, ट्रैफिक वाली सड़कों या ऊंची जगहों पर बच्चों का हाथ हमेशा पकड़कर रखना चाहिए। डिजिटल एडिक्शन और रील्स बनाने के चक्कर में अपनी सुरक्षा भावना को खो देना किसी भी दिन बड़े नुकसान का कारण बन सकता है।