व्यापार

अडानी ग्रीन एनर्जी का शानदार प्रदर्शन: बिजली बिक्री में 32% का उछाल, शेयर बाजार में आ सकती है बड़ी हलचल

भारतीय रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर की दिग्गज कंपनी अडानी ग्रीन एनर्जी (Adani Green Energy) ने चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही (अप्रैल से सितंबर 2026) के अपने प्रोविजनल ऑपरेशनल आंकड़े जारी कर दिए हैं। कंपनी के ये आंकड़े बेहद शानदार रहे हैं और इसके बिजनेस में जबरदस्त विस्तार देखने को मिल रहा है। कंपनी की ऑपरेशनल ग्रीन एनर्जी क्षमता में भारी बढ़ोतरी के साथ-साथ बिजली की बिक्री में भी रिकॉर्ड उछाल दर्ज किया गया है, जिसके चलते आने वाले कारोबारी सत्रों में इस शेयर पर निवेशकों की पैनी नजर रहने की पूरी उम्मीद है।

6 महीने में 4,083 MW नई क्षमता जुड़ी, कुल क्षमता 20,763 MW पर पहुंची

अडानी ग्रीन एनर्जी द्वारा जारी अपडेट के अनुसार, वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही के दौरान कंपनी ने कुल 4,083 मेगावाट (MW) की नई ग्रीनफील्ड रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता को चालू किया है। इसमें से अकेले 621 मेगावाट क्षमता वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही (जुलाई से सितंबर के बीच) में जोड़ी गई है। इन नई परियोजनाओं के सफलतापूर्वक शुरू होने से कंपनी की कुल ऑपरेशनल रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता सालाना आधार पर 24 प्रतिशत की जोरदार बढ़ोतरी के साथ 20,763 MW हो गई है। नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में क्षमता का यह विस्तार कंपनी के भविष्य के कारोबार के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

बिजली बिक्री में 32% की छलांग और बैटरी स्टोरेज का विस्तार

उत्पादन क्षमता में बढ़ोतरी का सीधा असर कंपनी के परफॉर्मेंस पर देखने को मिला है। अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच कंपनी की कुल बिजली बिक्री (Power Sales) में सालाना आधार पर 32% का शानदार उछाल दर्ज किया गया और यह बढ़कर 25,747 मिलियन यूनिट पर पहुंच गई। इसके अलावा, कंपनी ने गुजरात के खावड़ा में जुलाई-सितंबर तिमाही के दौरान 3,081 MWh की बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) क्षमता भी चालू की है। इसके साथ ही 30 सितंबर 2026 तक कंपनी की कुल स्थापित बैटरी स्टोरेज क्षमता बढ़कर 6,632 MWh हो गई है, जो सौर और पवन ऊर्जा की अनिश्चितता के बीच बिजली की निरंतर आपूर्ति सुनिश्चित करने में मददगार साबित होगी।

पर्यावरण और करोड़ों घरों तक बिजली पहुंचाने में योगदान

कंपनी के सोलर, विंड और हाइब्रिड पोर्टफोलियो का प्रदर्शन भी इस तिमाही में बेहतरीन रहा है। आंकड़ों के मुताबिक, सोलर पोर्टफोलियो का CUF 22.9%, विंड का 42.9% और हाइब्रिड पोर्टफोलियो का CUF 45.2% दर्ज किया गया। इन चालू परियोजनाओं की बदौलत कंपनी ने अप्रैल-सितंबर 2026 के दौरान देश के 44 लाख से अधिक घरों को बिजली उपलब्ध कराने में मदद की है। इसके साथ ही, इन ग्रीन परियोजनाओं के माध्यम से लगभग 1.75 करोड़ टन कार्बन डाइऑक्साइड के बराबर उत्सर्जन को रोकने में सफलता मिली है, जो कंपनी के पर्यावरणीय योगदान को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।

Back to top button