Baatein Dil Se: रितु बेरी के लिए बगैर तैयारी के अक्षय कुमार ने की थी रैंप वॉक, फैशन डिजाइनर बोलीं- वो हमेशा से मेरे लिए नंबर 1 हैं

फैशन और सिनेमा का रिश्ता हमेशा से बेहद करीबी और चमकदार रहा है, लेकिन कभी-कभी रैंप के पीछे कुछ ऐसे अनूठे पल घटते हैं जो जीवन भर के लिए यादगार किस्सा बन जाते हैं। भारत की पहली अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने वाली दिग्गज फैशन डिजाइनर रितु बेरी (Ritu Beri) ने अपने विशेष इंटरव्यू शो 'बातें दिल से' (Baatein Dil Se) में बॉलीवुड के 'खिलाड़ी' कहे जाने वाले अभिनेता अक्षय कुमार (Akshay Kumar) से जुड़ा एक बेहद दिलचस्प और दिल को छू लेने वाला संस्मरण साझा किया है। रितु बेरी ने बताया कि करियर के शुरुआती दौर में जब उनके एक बड़े फैशन शो के दौरान मुख्य मेल मॉडल ऐन वक्त पर नहीं पहुंच सका, तब अक्षय कुमार ने बिना किसी तैयारी, बिना किसी रिहर्सल और बिना किसी नखरे के सीधे रैंप पर उतरकर शो की लाज बचाई थी। रितु ने अक्षय की इसी सादगी, अनुशासन और दरियादिली की तारीफ करते हुए कहा कि बॉलीवुड में सितारों की भीड़ हो सकती है, लेकिन उनके दिल में अक्षय हमेशा से 'नंबर 1' थे, हैं और रहेंगे।
जब बैकस्टेज छाया था संकट: ऐन वक्त पर नहीं आया था मॉडल
रितु बेरी ने उस दौर को याद करते हुए बताया कि 90 के दशक में दिल्ली और मुंबई में फैशन शोज का आयोजन आज की तरह हाई-टेक और बेहद योजनाबद्ध नहीं होता था। एक प्रतिष्ठित फैशन शो के दौरान, जिसमें देश-विदेश के कई वीआईपी मेहमान मौजूद थे, रितु के कलेक्शन के मुख्य परिधान को पेश करने वाला मॉडल किसी कारणवश समय पर वेन्यू तक नहीं पहुंच सका। बैकस्टेज पूरी टीम के हाथ-पांव फूल गए थे, क्योंकि शो शुरू होने में महज कुछ ही मिनट बचे थे और बिना शोस्टॉपर के पूरा सीक्वेंस अधूरा रह जाता। इसी दौरान अक्षय कुमार, जो उस समय इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना रहे थे और रितु के करीबी दोस्तों में गिने जाते थे, बैकस्टेज मौजूद थे।
'कोई रिहर्सल नहीं, बस कपड़े पहने और छा गए अक्षय'
रितु बेरी ने बताया कि जैसे ही अक्षय ने बैकस्टेज का तनाव देखा, उन्होंने बिना एक पल गंवाए कहा, "फिक्र मत करो, मैं वॉक कर दूंगा।" फैशन की दुनिया में बिना ट्रायल, फिटिंग और रिहर्सल के किसी बड़े शो के रैंप पर उतरना बहुत बड़ा जोखिम माना जाता है, क्योंकि रैंप वॉक का अपना एक खास पेसिंग और अंदाज होता है। लेकिन अक्षय ने मिनटों में आउटफिट पहना और मंच पर कदम रख दिया। रितु ने कहा, "अक्षय ने जिस आत्मविश्वास, सहजता और करिश्मे के साथ रैंप वॉक की, पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। किसी को भनक तक नहीं लगी कि इस वॉक के लिए उन्होंने एक सेकंड का भी अभ्यास नहीं किया था। उन्होंने न सिर्फ मेरे शो को डूबने से बचाया, बल्कि उसे शाम का सबसे बड़ा हाइलाइट बना दिया।"
स्टारडम से परे अक्षय का अनुशासन और याराना
'बातें दिल से' में रितु बेरी ने अक्षय कुमार के व्यक्तित्व के उन पहलुओं पर रोशनी डाली जो अक्सर कैमरे की चकाचौंध के पीछे छिप जाते हैं। रितु ने कहा कि अक्षय की सबसे बड़ी खूबी उनका अनुशासन और जमीन से जुड़ाव है। वे जब सफलता के शिखर पर नहीं थे, तब भी ऐसे ही बेबाक और मददगार थे, और जब वे देश के सबसे बड़े सुपरस्टार बने, तब भी उनके बर्ताव में कोई बदलाव नहीं आया। रितु ने कहा कि बॉलीवुड में अक्सर लोग स्टारडम मिलने के बाद पुराने रिश्तों को भूल जाते हैं, लेकिन अक्षय आज भी उसी गर्मजोशी के साथ मिलते हैं। जब भी किसी अपने को मदद की जरूरत होती है, अक्षय बिना किसी औपचारिकता के सबसे आगे खड़े नजर आते हैं।
रितु बेरी का अंतरराष्ट्रीय सफर और भारतीय खादी को वैश्विक मंच
रितु बेरी भारत की उन चुनिंदा डिजाइनर्स में शामिल हैं जिन्होंने पेरिस फैशन वीक में भारत का प्रतिनिधित्व कर फ्रेंच फैशन हाउस 'जीन-लुई शेरेर' (Jean-Louis Scherrer) के रेडी-टू-वियर कलेक्शन का नेतृत्व किया था। वे फ्रांस के सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'नाइट ऑफ द ऑर्डर ऑफ आर्ट्स एंड लेटर्स' से भी सम्मानित हो चुकी हैं। हाल के वर्षों में रितु बेरी ने खादी और पारंपरिक भारतीय हथकरघा को वैश्विक स्तर पर प्रमोट करने के लिए कई बड़े अभियान चलाए हैं। अपने इस सफर में उन्होंने कई फिल्मी सितारों के साथ काम किया, लेकिन अक्षय कुमार के साथ उनकी बॉन्डिंग को वे हमेशा सबसे खास और निष्कपट मानती हैं।
फैंस और फैशन जगत में खूब पसंद किया जा रहा यह किस्सा
रितु बेरी के इस संस्मरण का वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर आते ही तेजी से वायरल हो रहा है। फैंस अक्षय कुमार के इस अनसुने पहलू और उनकी दरियादिली की जमकर तारीफ कर रहे हैं। सोशल मीडिया यूजर्स का कहना है कि यह वाकया साबित करता है कि अक्षय केवल पर्दे पर ही खिलाड़ी नहीं हैं, बल्कि असल जिंदगी में भी हर मुश्किल घड़ी में संकटमोचक बनकर खड़े होने वाले सच्चे इंसान हैं। रितु बेरी ने अपनी बातचीत के अंत में मुस्कुराते हुए कहा कि आज जब भी वे अक्षय की कोई फिल्म या उनका कोई नया प्रोजेक्ट देखती हैं, तो उन्हें वही नौजवान याद आता है जिसने बिना सोचे-समझे एक दोस्त के सम्मान के लिए रैंप पर कदम रख दिया था।