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EPS Pension Calculation: ₹25,000 हुई सैलरी लिमिट तो कितनी बढ़कर मिलेगी पेंशन? एक्सपर्ट से समझिए 20% बढ़त का गणित!

'पैसों की पाठशाला' में पर्सनल फाइनेंस एक्सपर्ट पंकज मठपाल ने बताया कि कर्मचारी पेंशन योजना (EPS) की वेज सीलिंग (सैलरी लिमिट) ₹25,000 होने पर आपकी पेंशन में काफी बढ़ोतरी होगी. हालांकि, पेंशन की सही रकम आपकी पेंशनेबल सर्विस के सालों, आपकी रिटायरमेंट उम्र और आखिरी पेंशनेबल सैलरी के फॉर्मूले पर निर्भर करती है. लेकिन, महीने के योगदान (कंट्रीब्यूशन) में बढ़ोतरी के हिसाब से लंबी अवधि में आपकी पेंशन में कम से कम 20% तक का फायदा आसानी से देखने को मिल सकता है.

असल में पर्सनल फाइनेंस एक्सपर्ट पंकज मठपाल से सवाल किया गया कि ईपीएस जो है 25,000 की जो ये नई सीलिंग है इससे पेंशन में कितना फर्क पड़ सकता है? तो इस पर उन्होने कहा कि पेंशन की सही रकम आपकी पेंशनेबल सर्विस के सालों, रिटायरमेंट उम्र और अंतिम सैलरी के फॉर्मूले पर निर्भर करती है.

क्या होता है फॉर्मूला?

डिलेट में समझाएं तो एक्सपर्ट ने कहा कि पेंशन पर कितना फर्क पड़ेगा, असल में इसका एक फार्मूला है और उस हिसाब से आप कितने साल सर्विस करते हैं, कितना आपका लास्ट में पैसा जुड़ता है? जी हां पेंशनेबल सर्विस कितने साल में सर्विस की पेंशनेबल और रिटायरमेंट एज क्या है? तो उसके हिसाब से आप कैलकुलेट करके निकालते हो कितना होता है.

कितना पड़ेगा पेंशन पर असर

एक्सपर्ट ने आगे कहा कि असल में यहां पर अगर हम देख रहे हैं कि पहले कंट्रीब्यूशन जो था वो करीब ₹1250 और अब जो हो रहा है करीब ₹2082 तो आपका यहां पर ₹750 या ₹800 के आसपास…या कहें कि ₹800 का है…तो यहां पे कम से कम फायदा मिनिमम दिखाई दे रहा है.

इतना ही नहीं आगे क्लियर करते हुए उन्होंने समझाया कि असल में ये कहना बड़ा मुश्किल होगा असल में आपको कितना फायदा होगा क्योंकि इतने साल में कितने साल की सर्विस है क्या है वो डिपेंड करेगा. लेकिन कम से कम मेरे हिसाब से 20% का तो अराउंड आपको फायदा मिलना चाहिए पेंशन में लॉन्ग टर्म में जो पहले मिल रहा था,तो उसके मुकाबले ये हम उम्मीद कर सकते हैं

मुख्य बदलाव ईपीएस (EPS) वेज सीलिंग यानी सैलरी लिमिट ₹25,000 होना
मासिक योगदान में बदलाव पहले अधिकतम ₹1,250 प्रति माह जमा होता था, जो अब बढ़कर लगभग ₹2,082 प्रति माह हो जाएगा (₹800 प्रति माह अधिक)
पेंशन तय करने वाले कारक कुल पेंशनेबल सर्विस के साल, रिटायरमेंट की उम्र और आखिरी पेंशनेबल सैलरी का फॉर्मूला
अनुमानित फायदा लंबी अवधि (लॉन्ग टर्म) में पुरानी पेंशन के मुकाबले कम से कम 20% तक की बढ़ोतरी मिलने की उम्मीद
मुख्य निष्कर्ष नया नियम रिटायरमेंट के बाद मिलने वाली मासिक पेंशन के दायरे को बढ़ाएगा और बुढ़ापे की आर्थिक सुरक्षा को मजबूत करेगा

एक्सपर्ट इनपुट पर काम की बात

आसान शब्दों में कहें तो अगर ईपीएस की लिमिट बढ़कर 25,000 रुपये होती है, तो इसका सीधा फायदा आपके बुढ़ापे के सहारे यानी आपकी पेंशन पर पड़ेगा. भले ही सटीक पेंशन हर इंसान की नौकरी के कुल सालों और रिटायरमेंट की उम्र पर निर्भर करेगी, लेकिन एक बात तय है कि पुरानी पेंशन के मुकाबले आपको कम से कम 20% ज़्यादा पेंशन मिलने की पूरी उम्मीद है. यानी लंबी अवधि (लॉन्ग टर्म) में यह बदलाव आपकी रिटायरमेंट लाइफ को और भी सुरक्षित बनाएगा.

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