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सेंसेक्स में 400 अंकों की जबरदस्त तेजी, निफ्टी 23,350 के पार; एक्सपर्ट्स से जानिए कैसा रहेगा हाल

भारतीय शेयर बाजार में आज एक बार फिर निवेशकों के चेहरे पर मुस्कान लौट आई है। ग्लोबल मार्केट से मिले सकारात्मक संकेतों और घरेलू संस्थागत निवेशकों की दमदार लिवाली के चलते आज के कारोबारी सत्र में बाजार हरे निशान में बंद हुआ। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स लगभग 400 अंकों की मजबूती के साथ कारोबार करता नजर आया, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी महत्वपूर्ण मनोवैज्ञानिक स्तर को पार करते हुए 23,350 के पार निकल गया। इस तेज उछाल के बाद निवेशकों के मन में यह सवाल उठना लाजिमी है कि क्या यह तेजी आगे भी जारी रहेगी या बाजार में फिर से उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। आइए, बाजार के जानकारों और दिग्गज एक्सपर्ट्स की राय से समझते हैं कि आने वाले दिनों में निवेशकों को कैसी रणनीति अपनानी चाहिए।

आज के इस शानदार कारोबारी सत्र की शुरुआत से ही दलाल स्ट्रीट पर तेजी का माहौल बना हुआ था। बैंकिंग, ऑटो, आईटी और मेटल सेक्टर के शेयरों में भारी खरीदारी देखने को मिली, जिसके दम पर बेंचमार्क इंडेक्स ने शानदार बढ़त हासिल की। अमेरिकी बाजारों से मिले मजबूत ग्लोबल संकेतों और विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI) द्वारा भारतीय बाजारों में दोबारा निवेश बढ़ाने से बाजार को यह बड़ा संबल मिला है। जानकारों का मानना है कि कंपनियों के तिमाही नतीजे और आगामी आर्थिक आंकड़ों पर निवेशकों की पैनी नजर बनी हुई है, जो आने वाले हफ्तों में बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।

वैश्विक संकेतों और मजबूत घरेलू समर्थन से बाजार में लौटी रौनक

शेयर बाजार में इस समय तेजी का मुख्य कारण घरेलू अर्थव्यवस्था के मजबूत बुनियादी ढांचे और सकारात्मक वैश्विक रुझानों का मेल है। दुनिया भर के प्रमुख केंद्रीय बैंकों द्वारा ब्याज दरों को लेकर आने वाले बयानों और महंगाई के आंकड़ों पर निवेशकों की खास नजर है। इसके अलावा, भारत में जीएसटी संग्रह और खुदरा महंगाई दर के आंकड़े अनुमान के मुताबिक रहने से बाजार का मनोबल ऊंचा बना हुआ है। जानकारों का कहना है कि जब तक ग्लोबल मार्केट में कोई बड़ी नकारात्मक खबर नहीं आती, तब तक घरेलू बाजार में यह सकारात्मक रुझान और स्थिरता बनी रह सकती है।

निफ्टी का 23,350 के पार निकलना निवेशकों के लिए कितना अहम?

तकनीकी तौर पर देखें तो निफ्टी का 23,350 के पार पहुंचना बाजार के लिए एक बहुत बड़ा मील का पत्थर साबित हुआ है। तकनीकी विश्लेषकों का मानना है कि यदि निफ्टी इस स्तर को मजबूती से अपने सपोर्ट जोन के रूप में बनाए रखने में कामयाब होता है, तो आने वाले दिनों में यह सूचकांक नए रिकॉर्ड उच्च स्तर की ओर बढ़ सकता है। हालांकि, बाजार के जानकारों का यह भी सुझाव है कि ऊपरी स्तरों पर मुनाफावसूली (Profit Booking) देखने को मिल सकती है, इसलिए निवेशकों को बहुत अधिक आक्रामक होने के बजाय चुनिंदा और मजबूत फंडामेंटल वाले शेयरों पर ही दांव लगाना चाहिए।

बैंकिंग और आईटी शेयरों में जबरदस्त खरीदारी से मिला बड़ा सहारा

आज के कारोबार में बाजार को सबसे ज्यादा ताकत बैंकिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज के साथ-साथ आईटी सेक्टर के शेयरों से मिली। निजी और सार्वजनिक क्षेत्र के प्रमुख बैंकों के शेयरों में लिवाली का जोर देखा गया, जिससे बैंक निफ्टी में भी शानदार उछाल दर्ज किया गया। इसके अलावा, वैश्विक तकनीकी कंपनियों के बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद में घरेलू आईटी शेयरों में भी निवेशकों ने गहरी रुचि दिखाई। जानकारों का मानना है कि जिन सेक्टरों की बैलेंस शीट मजबूत है और कर्ज का स्तर कम है, वे आने वाले समय में भी बेहतर प्रदर्शन जारी रखेंगे।

एक्सपर्ट्स की सलाह: आगामी समय में कैसी होनी चाहिए निवेशकों की रणनीति?

बाजार के दिग्गज एक्सपर्ट्स का कहना है कि मौजूदा तेजी के माहौल में निवेशकों को बिना सोचे-समझे किसी भी शेयर में पैसा लगाने से बचना चाहिए। इस समय लॉन्ग-وين (दीर्घकालिक) नजरिए से निवेश करना सबसे फायदेमंद साबित हो सकता है। यदि आप शॉर्ट-टर्म ट्रेडिंग कर रहे हैं, तो स्टॉप लॉस का कड़ाई से पालन करें क्योंकि उच्च स्तर पर बाजार में अचानक उतार-चढ़ाव आ सकता है। ऑटोमोबाइल, फार्मा और चुनिंदा कंज्यूमर गुड्स कंपनियों के शेयर आने वाले दिनों में अच्छा मुनाफा दे सकते हैं, बशर्ते निवेश से पहले कंपनी के वित्तीय परिणामों का सही अध्ययन किया गया हो।

मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी निवेशकों का बढ़ रहा है रुझान

लार्जकैप शेयरों के साथ-साथ आज के सत्र में मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी अच्छी खासी रौनक देखने को मिली। खुदरा निवेशकों का इन शेयरों के प्रति क्रेज लगातार बना हुआ है। हालांकि, जानकारों का यह भी कहना है कि स्मॉलकैप और मिडकैप सेगमेंट में अत्यधिक तेजी के बाद मूल्यांकन (Valuations) काफी ऊंचे स्तर पर पहुंच चुके हैं, इसलिए इनमें निवेश करते समय अत्यधिक सावधानी बरतने की जरूरत है। केवल उन्हीं कंपनियों के शेयरों को चुनें जिनका बिजनेस मॉडल मजबूत हो और जिन पर कर्ज का बोझ कम हो।

आने वाले हफ्तों में किन बातों पर रहेगी निवेशकों की विशेष नजर?

आने वाले समय में भारतीय शेयर बाजार की चाल मुख्य रूप से कुछ चुनिंदा ट्रिगर पर निर्भर करेगी। इसमें सबसे महत्वपूर्ण है आगामी मौद्रिक नीति समीक्षा में ब्याज दरों पर केंद्रीय बैंक का रुख, मानसून की प्रगति और कॉर्पोरेट जगत के तिमाही नतीजे। इसके अलावा, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की खरीद-फरोख्त के आंकड़े भी बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे। यदि ग्लोबल कमोडिटी की कीमतें स्थिर रहती हैं और घरेलू मांग में तेजी बनी रहती है, तो शेयर बाजार के निवेशकों के लिए आने वाला समय बेहद रोमांचक और फायदेमंद साबित हो सकता है।

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