Panipat child murder case: जिसे हादसा समझा वो हत्या थी, पानीपत में ‘सीरियल किलर’ महिला ने उगला 4 बच्चों की मौत का सच

Panipat child murder case: शादी का घर खुशियों और ढोल-नगाड़ों से गूंज रहा था,लेकिन पानीपत के नौल्था गांव में यह जश्न चीख-पुकार में बदल गया। पुलिस एक6साल की बच्ची की संदिग्ध मौत की गुत्थी सुलझाने पहुंची थी,लेकिन परतें खुलीं तो सामने आई एक ऐसी’सीरियल किलर’महिला की कहानी,जिसने इंसानियत,ममता और रिश्तों का खून कर दिया।34साल की पूनम,जो बाहर से एक सामान्य महिला और मां दिखती थी,अंदर से ईर्ष्या और वहशत से भरी हुई थी। उसने न सिर्फ अपनी रिश्तेदारों की बच्चियों को मारा,बल्कि अपना पाप छिपाने के लिए अपनी कोख से जन्मे बेटे तक को मौत के घाट उतार दिया।शादी की रात और वो खौफनाक मंजरकहानी की शुरुआत1दिसंबर को हुई। सोनीपत के भावर गांव की रहने वाली6साल की मासूम’विधि’अपने परिवार के साथ नौल्था में शादी में आई हुई थी। देर रात जब बारात विदा हो रही थी,विधि अचानक गायब हो गई। मां-बाप पागलों की तरह उसे ढूंढ रहे थे।सुबह जो दिखा,उसने सबकी रूह कंपा दी। घर की पहली मंजिल पर स्टोररूम में पानी से भरे एक प्लास्टिक के टब में विधि औंधे मुंह पड़ी थी। वह मर चुकी थी। सबको लगा यह हादसा है,लेकिन6साल की बच्ची टब में कैसे डूब सकती है?यही सवाल पुलिस के भी मन में था।कैसे खुली पोल?एसपी भूपेंद्र सिंह की टीम ने जब जांच शुरू की,तो पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने हत्या की तरफ इशारा किया। पुलिस ने शादी में मौजूद रिश्तेदारों से पूछताछ शुरू की। इसी दौरान विधि की मौसी,पूनम के बयानों में बार-बार बदलाव देखने को मिला। जब पुलिस ने थोड़ी सख्ती दिखाई,तो पूनम टूट गई और उसने जो बताया,उसे सुनकर खुद पुलिसवाले भी सन्न रह गए।मकसद:’खूबसूरत बच्चे और डर’पूनम ने कबूला कि विधि को उसने ही मारा है। उस रात जब सब बारात में व्यस्त थे,वह विधि को बहलाकर ऊपर ले गई। उसने बच्ची से कहा कि टब में पानी भरकर लाओ और फिर मासूम को उसी पानी में डुबो दिया।लेकिन यह पहली हत्या नहीं थी। पूनम ने कबूल किया कि उसेअपने बच्चों से ज्यादा सुंदर बच्चे पसंद नहीं थे,उसे ईर्ष्या होती थी।अगस्त2025:उसने अपनी चचेरी बहन की6साल की बेटी’जिया’को इसी तरह पानी में डुबोकर मार दिया था। परिवार ने उसे हादसा मान लिया।जनवरी2023:उसने अपनी ननद की9साल की बेटी’इशिका’को पानी की टंकी में डुबो दिया था।अपने सगे बेटे का कत्ल क्यों किया?इस दरिंदगी की हद तब पार हो गई जब पूनम ने बताया कि उसने अपने3साल के बेटे’शुभम’को भी नहीं बख्शा। उसने कहा कि जब उसने इशिका को मारा था,तब उसके बेटे शुभम ने यह देख लिया था। उसे डर था कि बेटा बड़ा होकर उसकी पोल न खोल दे या किसी को बता न दे। बस इसी डर में उसने अपनी ममता का गला घोंट दिया और अपने ही जिगर के टुकड़े को भी मार डाला।अब क्या?सोनीपत के एक किसान की पत्नी पूनम अब सलाखों के पीछे है। उसने चार हंसते-खेलते बच्चों की जान सिर्फ अपनी मानसिक कुंठा और ईर्ष्या के चलते ले ली। परिवार वाले जिसे हादसा मानकर अपनी किस्मत को कोस रहे थे,असल में वो उनके ही घर में छिपी एक साजिश थी। यह घटना हर किसी को यह सोचने पर मजबूर करती है कि आखिर हम किस पर भरोसा करें?