Sahil Parakh Future: खराब डेब्यू के बाद क्या खत्म हो गया साहिल पारख का करियर? अक्षर पटेल ने दिया बड़ा हिंट

News India Live, Digital Desk: भारतीय क्रिकेट में कब किसकी किस्मत चमक जाए और कब कोई अर्श से फर्श पर आ जाए, यह कहना मुश्किल है। हाल ही में एक ऐसे ही खिलाड़ी की चर्चा जोरों पर है, जिसका डेब्यू मैच तो किसी बुरे सपने से कम नहीं रहा, लेकिन टीम के वरिष्ठ खिलाड़ी और स्टार ऑलराउंडर अक्षर पटेल के एक बयान ने नई बहस छेड़ दी है। हम बात कर रहे हैं युवा बल्लेबाज साहिल पारख की। अपने पहले ही मैच में बिना कोई खास छाप छोड़े पवेलियन लौटने वाले साहिल के भविष्य पर सवाल उठ रहे थे, मगर अक्षर पटेल के ‘मास्टर प्लान’ ने संकेत दे दिया है कि पिक्चर अभी बाकी है।भुलाने लायक डेब्यू, पर प्रतिभा पर कोई शक नहीं साहिल पारख ने जब मैदान पर कदम रखा था, तो फैंस को उनसे एक धमाकेदार पारी की उम्मीद थी। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। साहिल अपने पहले मुकाबले में पूरी तरह फ्लॉप साबित हुए, जिसे क्रिकेट पंडितों ने ‘फॉर्गेटेबल डेब्यू’ (भुलाने लायक शुरुआत) करार दिया। किसी भी युवा खिलाड़ी के लिए इस तरह की शुरुआत मानसिक रूप से तोड़ देने वाली होती है, लेकिन टीम मैनेजमेंट और सीनियर खिलाड़ियों का रुख इस बार कुछ अलग नजर आ रहा है।अक्षर पटेल का वो बयान, जिसने बदल दी सारी चर्चा मैच के बाद जब टीम की रणनीति और साहिल के प्रदर्शन पर सवाल पूछे गए, तो अक्षर पटेल ने बेहद सधा हुआ लेकिन गहरा जवाब दिया। अक्षर ने कहा, “हम देखेंगे (Well see)… एक मैच किसी की काबिलियत तय नहीं करता।” अक्षर का यह ‘हिंट’ बताता है कि टीम मैनेजमेंट साहिल को इतनी जल्दी बाहर करने के मूड में नहीं है। अक्षर ने बातों-बातों में यह साफ कर दिया कि नेट सेशन और घरेलू क्रिकेट में साहिल का जो प्रदर्शन रहा है, उसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।क्या साहिल पारख को मिलेगा दूसरा मौका? भारतीय टीम अब एक ऐसे दौर में है जहां ‘बैकअप’ तैयार करने पर जोर दिया जा रहा है। अक्षर पटेल के बयान से यह कयास लगाए जा रहे हैं कि आगामी मैचों में साहिल पारख को एक बार फिर से मौका दिया जा सकता है ताकि वह खुद को साबित कर सकें। टीम मैनेजमेंट का मानना है कि इंटरनेशनल क्रिकेट का दबाव हर खिलाड़ी अलग तरह से झेलता है और साहिल जैसे टैलेंटेड खिलाड़ी को एक और मौका देना टीम के भविष्य के लिए निवेश जैसा है।युवा खिलाड़ियों पर सिलेक्टर्स की पैनी नजर साहिल पारख का मामला केवल एक खिलाड़ी तक सीमित नहीं है। यह इशारा है कि टीम इंडिया अब केवल आंकड़ों पर नहीं, बल्कि खिलाड़ी के ‘इंटेंट’ (इरादे) पर भरोसा कर रही है। अक्षर पटेल जैसे सीनियर खिलाड़ी का समर्थन मिलना साहिल के लिए संजीवनी बूटी जैसा काम कर सकता है। अब देखना यह होगा कि क्या साहिल इस भरोसे पर खरे उतरते हैं या फिर उनका करियर एक ‘वन मैच वंडर’ की कड़वी याद बनकर रह जाता है। क्रिकेट के गलियारों में अब सबकी नजरें अगले टीम चयन पर टिकी हैं।