हरियाणा कांग्रेस में मची भगदड़ राज्यसभा चुनाव के बाद अब इन विधायकों का टूटेगा सब्र, क्या BJP का कमल थामेंगे बागी?

News India Live, Digital Desk: हरियाणा की सियासत में एक बार फिर बड़े उलटफेर के संकेत मिल रहे हैं। राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग करने वाले कांग्रेस के ‘बागी’ विधायकों के तेवर अब और सख्त हो गए हैं। सूत्रों के हवाले से बड़ी खबर आ रही है कि कांग्रेस के अंदरूनी घमासान से परेशान कई विधायक अब पाला बदलने की तैयारी में हैं। चर्चा है कि जल्द ही ये विधायक भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम सकते हैं। अगर ऐसा हुआ, तो हरियाणा में कांग्रेस के लिए यह किसी बड़े झटके से कम नहीं होगा।भीतरघात ने बढ़ाई कांग्रेस की टेंशन, आलाकमान के उड़े होशराज्यसभा चुनाव के दौरान जिस तरह से कुछ विधायकों ने पार्टी लाइन से हटकर मतदान किया, उसने हाईकमान की नींद उड़ा दी है। हुड्डा खेमे और सैलजा-सुरजेवाला गुट की खींचतान अब खुलकर सड़कों पर आने लगी है। पार्टी की आंतरिक रिपोर्ट में कई बड़े नामों पर शक की सुई अटकी है। माना जा रहा है कि पार्टी की ओर से कार्रवाई की आहट मिलते ही ये विधायक सामूहिक रूप से ‘हाथ’ का साथ छोड़ सकते हैं। बीजेपी रणनीतिकार भी इस ताक में हैं कि कैसे विपक्ष की इस फूट का फायदा उठाया जाए।BJP के संपर्क में कई ‘दिग्गज’, दिल्ली से चंडीगढ़ तक हलचल तेजराजनीतिक गलियारों में चर्चा जोरों पर है कि बागी विधायकों की दिल्ली में बीजेपी के बड़े नेताओं के साथ गुप्त बैठकें हो चुकी हैं। इन विधायकों का मानना है कि वर्तमान नेतृत्व में उनका भविष्य सुरक्षित नहीं है। सूत्रों की मानें तो ये विधायक न केवल बीजेपी बल्कि मुख्यमंत्री आवास के भी लगातार संपर्क में हैं। हरियाणा बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष ने भी इशारों-इशारों में कहा है कि ‘जो भी राष्ट्रहित और विकास में विश्वास रखता है, उसका स्वागत है।’क्या गिर जाएगी हुड्डा की साख? टूट के मुहाने पर पार्टीहरियाणा में कांग्रेस की कमान फिलहाल पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के पास है, लेकिन इस संभावित टूट ने उनकी साख पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। अगर ये बागी विधायक पार्टी छोड़ते हैं, तो विधानसभा में कांग्रेस की ताकत न केवल कम होगी, बल्कि आने वाले चुनाव में कार्यकर्ताओं का मनोबल भी टूट जाएगा। अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि कांग्रेस आलाकमान इन बागियों को मनाने में कामयाब होता है या हरियाणा में एक बार फिर ‘आया राम-गया राम’ वाली राजनीति देखने को मिलेगी।