भयंकर गर्मी और लू से बचना है तो डाइट में आज ही शामिल करें यह जादुई सुपरफूड

उत्तर और मध्य भारत समेत देश के कई हिस्सों में सूरज की तपिश और भयंकर गर्मी ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। इस चिलचिलाती धूप और गर्म थपेड़ों (लू) के मौसम में शरीर को अंदर से ठंडा और हाइड्रेटेड रखना सबसे बड़ी चुनौती होती है। ऐसे में प्रकृति ने हमें राहत देने के लिए एक ऐसा छोटा सा फल दिया है, जो साइज में भले ही बहुत मामूली नजर आता हो, लेकिन इसके स्वास्थ्य लाभ (हेल्थ बेनिफिट्स) इतने बड़े हैं कि बड़े-बड़े महंगे सप्लीमेंट्स भी इसके आगे फेल हैं। हम बात कर रहे हैं गर्मियों के राजा और औषधीय गुणों से भरपूर फल 'फालसा' (या जामुन/शहतूत जैसे छोटे मौसमी फल) की, जिसका आयुर्वेद में भी विशेष महत्व बताया गया है। शरीर को देगा तुरंत कड़कड़ाती ठंडक, मिटाएगा पानी की कमी गर्मियों के दिनों में अक्सर शरीर का तापमान बढ़ जाता है और डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) की समस्या आम हो जाती है। इस छोटे से फल में प्रचुर मात्रा में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स पाए जाते हैं। इसका खट्टा-मीठा स्वाद न सिर्फ जीभ को तरोताजा करता है, बल्कि इसका सेवन करते ही शरीर को भीतर से तत्काल ठंडक मिलती है। यह फल पेट की गर्मी को शांत करता है और चिलचिलाती धूप में बाहर निकलने से पहले इसका जूस पी लिया जाए, तो यह लू के थपेड़ों से शरीर के लिए एक सुरक्षा कवच की तरह काम करता है। एंटीऑक्सीडेंट्स का पावरहाउस, इम्यून सिस्टम को बनाएगा फौलादी छोटा सा दिखने वाला यह फल विटामिन-सी, पोटैशियम, कैल्शियम और शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट्स का भंडार होता है। गर्मियों में अक्सर संक्रमण और मौसमी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है, ऐसे में यह फल हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्यूनिटी) को बूस्ट करके वायरल इन्फेक्शन से बचाता है। इसके नियमित सेवन से शरीर में मौजूद हानिकारक टॉक्सिन्स (विषाक्त पदार्थ) बाहर निकल जाते हैं, जिससे खून साफ होता है और त्वचा पर एक प्राकृतिक चमक (ग्लो) आती है। पेट की हर समस्या का रामबाण इलाज गर्मियों के मौसम में पाचन तंत्र (डाइजेशन) का कमजोर होना, गैस, एसिडिटी और बदहजमी की शिकायत होना बेहद आम बात है। इस फल में भरपूर मात्रा में डाइटरी फाइबर पाया जाता है, जो पेट को साफ रखने में मदद करता है। यदि आपको भूख न लगने की समस्या है या पेट में भारीपन रहता है, तो इस छोटे से फल पर थोड़ा सा काला नमक और भुना जीरा पाउडर छिड़क कर खाने से पाचन क्रिया दुरुस्त होती है और पेट से जुड़ी तमाम तकलीफों से हमेशा के लिए निजात मिल जाती है। दिल की सेहत और ब्लड प्रेशर के लिए वरदान पोटैशियम और मैग्नीशियम से भरपूर होने के कारण यह छोटा सा फल हमारे दिल (हार्ट) की सेहत का भी ख्याल रखता है। यह ब्लड वेसल्स को रिलैक्स करता है, जिससे शरीर में ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है और हाई ब्लड प्रेशर (उच्च रक्तचाप) के मरीजों का बीपी कंट्रोल में रहता है। इसके अलावा, कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स होने के कारण यह डायबिटीज (मधुमेह) के मरीजों के लिए भी एक बेहतरीन और सुरक्षित स्नैक का विकल्प है। इस समर सीजन में अपनी डाइट में इस छोटे से जादुई फल को जरूर जगह दें।