कास्टिंग काउच पर आंचल खुराना का छलका दर्द, संचिता उगले सुसाइड केस पर एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री को जमकर कोसा

मनोरंजन जगत में कास्टिंग काउच, मानसिक तनाव और रिप्लेसमेंट का डर कोई नई बात नहीं है, लेकिन हाल ही में टीवी एक्ट्रेस संचिता उगले की कथित आत्महत्या की खबर ने पूरी इंडस्ट्री को हिलाकर रख दिया है। 'कुमकुम भाग्य' फेम संचिता की मौत के बाद अब 'MTV रोडीज 8' की विनर और 'बड़े अच्छे लगते हैं 2' की मशहूर अभिनेत्री आंचल खुराना का बड़ा बयान सामने आया है। आंचल ने बंद दरवाजों के पीछे छिपे ग्लैमर वर्ल्ड के उस काले सच को उजागर किया है, जिसे सुनकर हर कोई हैरान है।
'साथ नहीं सोओगी तो रिप्लेसमेंट'.. आंचल ने खोली इंडस्ट्री की पोल
संचिता उगले की खुदकुशी पर गहरा दुख जताते हुए आंचल खुराना ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर तीखे सवाल उठाए हैं। आंचल ने सीधे शब्दों में कहा कि इस चकाचौंध के पीछे एक कलाकार किस कदर इमोशनली टूट जाता है, यह कोई नहीं समझता। उन्होंने कहा, "एक और एक्टर ने आत्महत्या कर ली, 30 साल की संचिता उगले। चैनल को टीआरपी चाहिए, प्रोड्यूसर को बजट बचाना है और दर्शकों को मनोरंजन चाहिए, लेकिन इसके पीछे कभी किसी ने सोचा है कि एक एक्टर या इन्फ्लुएंसर पर क्या गुजरती है? यहां छोटी सी बात पर रिप्लेसमेंट का डर दिखाया जाता है। अगर आप किसी के साथ सोओगी नहीं तो रिप्लेसमेंट, किसी से बहस कर लो या अपना स्वाभिमान बचाने की कोशिश करो तो रिप्लेसमेंट या फिर आपके स्क्रीन डेज काट दिए जाते हैं।"
प्रासंगिक बने रहने का दबाव और भुला दिए जाने का डर
आंचल यहीं नहीं रुकीं, उन्होंने वीडियो के साथ एक बेहद भावुक और आंखें खोल देने वाला कैप्शन भी लिखा। उन्होंने साफ तौर पर स्वीकार किया कि इस कड़वे सच को बोलने से कई बड़े लोग उनसे नाराज हो सकते हैं। एक्ट्रेस ने लिखा, "हो सकता है कि इस बयान से चैनल और प्रोड्यूसर्स नाराज हो जाएं, लेकिन सच यही है। मैं खुद कैमरे के सामने मुस्कुराती हुई खड़ी रहती हूं, लेकिन अंदर एक तूफान चल रहा होता है। हम हर दिन अगले ऑडिशन, उस एक लाइन या अपने सपने को पाने की जिद में जागते हैं। जो चीज किसी को दिखाई नहीं देती, वह है हमारी मानसिक थकान। इंडस्ट्री में प्रासंगिक (relevant) बने रहने का दबाव और भुला दिए जाने का डर बहुत भारी पड़ता है। लोग यह नहीं देख पाते कि बंद दरवाजों के पीछे हम अंदर से कैसे टूट जाते हैं।"