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एआई निगरानी में शांतिपूर्ण संपन्न हुई स्पेशल टीईटी: कुल 93,681 अभ्यर्थी हुए शामिल, फेस रिकॉग्निशन से मुन्नाभाइयों पर कसा शिकंजा

शिक्षक पात्रता परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी और पूरी तरह नकलविहीन बनाने की दिशा में परीक्षा नियामक प्राधिकारी और शिक्षा विभाग ने इस बार कड़े तकनीकी सुरक्षा बंदोबस्त लागू किए। राज्य भर के निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर आयोजित स्पेशल शिक्षक पात्रता परीक्षा (Special TET) आधुनिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित निगरानी तंत्र के बीच शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गई। इस महत्वपूर्ण परीक्षा में प्रदेश भर से कुल 93,681 पंजीकृत अभ्यर्थी शामिल हुए। परीक्षा केंद्रों के मुख्य द्वारों से लेकर परीक्षा कक्षों तक स्थापित एआई कैमरों, लाइव वेबकास्टिंग और अत्याधुनिक सर्विलांस सिस्टम की मदद से पूरी परीक्षा प्रक्रिया पर लखनऊ स्थित केंद्रीय कंट्रोल रूम से रियल-टाइम नजर रखी गई, जिससे किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि या नकल की गुंजाइश पूरी तरह समाप्त रही।

फेस रिकॉग्निशन और बायोमेट्रिक से मुन्नाभाइयों पर नकेल

परीक्षा में डमी अभ्यर्थियों यानी सॉल्वर गैंग की सेंधमारी को रोकने के लिए पहली बार इतने बड़े पैमाने पर एडवांस्ड एआई फेस रिकॉग्निशन तकनीक (Face Recognition System) और बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट ऑथेंटिकेशन का इस्तेमाल किया गया। केंद्र पर प्रवेश के समय अभ्यर्थियों के मूल आवेदन पत्र पर अपलोड की गई फोटो का लाइव कैमरे के माध्यम से मिलान किया गया। मामूली चेहरे के बदलाव या संदिग्ध पाए जाने पर सिस्टम ने तुरंत अलर्ट जारी किया, जिसके बाद केंद्र व्यवस्थापकों और पुलिस अधिकारियों ने दस्तावेजों की गहन जांच की। इस बहुस्तरीय तकनीकी सुरक्षा कवच के चलते सॉल्वर बैठाने वाले किसी भी गिरोह को परीक्षा केंद्रों के भीतर घुसने का मौका नहीं मिला और परीक्षा पूरी शुचिता के साथ संपन्न कराई गई।

उपस्थिति का आंकड़ा: 93,681 अभ्यर्थियों ने दी परीक्षा

परीक्षा विवरण आधिकारिक आंकड़े
परीक्षा का नाम स्पेशल शिक्षक पात्रता परीक्षा (Special TET)
निगरानी का स्वरूप आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), लाइव सीसीटीवी और वेबकास्टिंग
कुल शामिल अभ्यर्थी 93,681 परीक्षार्थी
परीक्षा की स्थिति प्रदेश भर में पूर्णतः शांतिपूर्ण और नकलविहीन
सुरक्षा प्रोटोकॉल बायोमेट्रिक थंब इम्प्रेशन, फेस-डिटेक्शन और जैमर व्यवस्था

कंट्रोल रूम से हर केंद्र की लाइव मॉनिटरिंग और उड़नदस्तों की पैनी नजर

परीक्षा के दौरान जिला और राज्य स्तर पर एकीकृत कमांड एंड कंट्रोल सेंटर सक्रिय रहे। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर जैमर लगाए गए थे ताकि मोबाइल फोन, ब्लूटूथ या किसी अन्य इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के जरिए पेपर लीक अथवा नकल की कोई कोशिश न हो सके। इसके अलावा जिलाधिकारियों और पुलिस कप्तानों के नेतृत्व में विशेष उड़नदस्तों (Flying Squads) और जोनल मजिस्ट्रेटों ने संवेदनशील केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। प्रश्नपत्रों के वितरण से लेकर ओएमआर शीट (OMR Sheets) को सील कर सुरक्षित वज्रगृह (Strong Room) तक पहुंचाने की पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई गई।

अभ्यर्थियों ने जताया संतोष, अब प्रोविजनल आंसर की का इंतजार

परीक्षा छूटने के बाद विभिन्न केंद्रों से बाहर निकले अभ्यर्थियों ने परीक्षा के कठिनाई स्तर को संतुलित और सिलेबस के अनुरूप बताया। कई अभ्यर्थियों ने बताया कि गणित, बाल विकास एवं शिक्षण शास्त्र और भाषा खंड के प्रश्न अवधारणात्मक (Conceptual) थे, जिनमें समय प्रबंधन बेहद महत्वपूर्ण रहा। परीक्षा शांतिपूर्ण संपन्न होने के बाद अब अभ्यर्थियों की निगाहें आधिकारिक प्रोविजनल आंसर की (Provisional Answer Key) पर टिकी हैं। परीक्षा नियामक प्राधिकारी द्वारा आगामी कुछ दिनों में आधिकारिक पोर्टल पर उत्तर कुंजी जारी कर अभ्यर्थियों से आपत्तियां मांगी जाएंगी, जिसके बाद अंतिम परिणाम घोषित किया जाएगा।

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