UPPSC Calendar 2026 Out : यूपीपीएससी ने जारी किया 81 परीक्षाओं का महा-शेड्यूल PCS प्री से लेकर RO/ARO मेन्स तक

News India Live, Digital Desk : उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग ने वर्ष 2026 के लिए अपना बहुप्रतीक्षित परीक्षा कैलेंडर आधिकारिक वेबसाइट uppsc.up.nic.in पर अपलोड कर दिया है। इस साल आयोग कुल 81 परीक्षाओं/आरक्षित तिथियों के माध्यम से हजारों पदों पर भर्ती की प्रक्रिया पूरी करेगा। कैलेंडर के अनुसार, परीक्षा चक्र 2 फरवरी 2026 से शुरू होकर 20 दिसंबर 2026 तक चलेगा। विशेष रूप से, पीसीएस प्री और मेन्स की तारीखों ने अभ्यर्थियों में नई ऊर्जा भर दी है।प्रमुख परीक्षाओं की समय-सारणी (Important Exam Dates)आयोग द्वारा जारी कैलेंडर की कुछ सबसे महत्वपूर्ण परीक्षाएं और उनकी तिथियां नीचे दी गई हैं:परीक्षा का नामप्रस्तावित तिथिRO/ARO (समीक्षा अधिकारी) मेन्स-202302 और 03 फरवरी 2026कंप्यूटर सहायक (UPPSC) परीक्षा-202506 फरवरी 2026सहायक अभियोजन अधिकारी (APO) प्री-202522 मार्च 2026PCS (सम्मिलित राज्य अधीनस्थ सेवा) मेन्स-202529 मार्च 2026 से (4 दिन)सहायक अध्यापक (TGT) प्रारंभिक परीक्षा-202505 अप्रैल 2026GIC प्रवक्ता (प्रारंभिक) परीक्षा-202503 मई 2026PCS (सम्मिलित राज्य अधीनस्थ सेवा) प्री-202606 दिसंबर 2026 (रविवार)कैलेंडर की 3 बड़ी बातें (Key Highlights)आरक्षित तिथियां (Reserved Dates): आयोग ने साल भर में 24 से अधिक तिथियां आरक्षित रखी हैं। इन तारीखों का उपयोग उन विज्ञापनों के लिए किया जाएगा जो भविष्य में जारी होंगे या जिनकी विशेष परिस्थितियों में परीक्षा टालनी पड़ेगी।शिक्षक भर्ती पर जोर: 2026 का कैलेंडर शिक्षक अभ्यर्थियों के लिए खास है। LT ग्रेड, प्रवक्ता (GIC) और सहायक आचार्य (डिग्री कॉलेज) की परीक्षाओं के लिए मई से लेकर सितंबर तक का समय तय किया गया है।PCS 2026 की रणनीति: पीसीएस 2026 की प्रारंभिक परीक्षा दिसंबर में होने से छात्रों के पास तैयारी के लिए पर्याप्त 11 महीने का समय है। वहीं पीसीएस 2025 के मुख्य परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों के पास अब केवल दो महीने शेष हैं।कैलेंडर PDF कैसे डाउनलोड करें?सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट uppsc.up.nic.in पर जाएं।होमपेज पर ‘Information Bulletin’ सेक्शन में ‘Exam Calendar 2026’ के लिंक पर क्लिक करें।आपके सामने एक पीडीएफ फाइल खुलेगी, जिसे आप भविष्य के लिए सेव कर सकते हैं। आयोग ने स्पष्ट किया है कि ये तिथियां ‘संभावित’ हैं। विशेष परिस्थितियों में इनमें बदलाव किया जा सकता है, जिसकी सूचना अलग से दी जाएगी।