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भारत-ब्रिटेन के बीच ऐतिहासिक डील पर मुहर 1 मई से लागू हो सकता है FTA, भारतीय सामानों के लिए खुलेंगे यूरोप के द्वार

News India Live, Digital Desk: भारत और यूनाइटेड किंगडम (UK) के बीच चल रही लंबे समय की व्यापारिक खींचतान अब खत्म होने वाली है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, दोनों देशों के बीच बहुप्रतीक्षित मुक्त व्यापार समझौता (FTA) आगामी 1 मई से धरातल पर उतर सकता है। इस समझौते को भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक बड़े ‘बूस्टर’ के तौर पर देखा जा रहा है। यही नहीं, ब्रिटेन के साथ इस डील के बाद भारत इस साल के अंत तक यूरोपीय संघ (EU) के साथ भी इसी तरह की बड़ी डील की तैयारी में है।भारतीय निर्यातकों की चमकेगी किस्मतइस समझौते के लागू होते ही भारत से ब्रिटेन भेजे जाने वाले कपड़ा, चमड़ा, आभूषण और कृषि उत्पादों पर लगने वाली कस्टम ड्यूटी काफी कम हो जाएगी या पूरी तरह खत्म हो सकती है। इसका सीधा फायदा भारतीय व्यापारियों को होगा और अंतरराष्ट्रीय बाजार में भारतीय सामान और अधिक प्रतिस्पर्धी हो जाएंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि इस डील से भारत का निर्यात अगले कुछ वर्षों में अरबों डॉलर तक बढ़ सकता है, जिससे देश में रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।शराब और ऑटो सेक्टर के लिए बदलेगा खेलFTA की शर्तों के तहत ब्रिटेन से भारत आने वाली स्कॉच व्हिस्की और प्रीमियम कारों पर लगने वाले आयात शुल्क में भी बड़ी कटौती की संभावना है। ब्रिटेन लंबे समय से भारतीय बाजार में अपनी शराब और गाड़ियों के लिए आसान पहुंच की मांग कर रहा था। बदले में भारत ने अपने आईटी प्रोफेशनल्स और कुशल कामगारों के लिए ब्रिटेन में आसानी से ‘वीजा एक्सेस’ की मांग की है। माना जा रहा है कि दोनों पक्ष अब इन पेचीदा मुद्दों पर एक सर्वसम्मत फैसले पर पहुंच चुके हैं।साल के अंत तक यूरोप से भी बड़ी खुशखबरीब्रिटेन के साथ डील फाइनल होने के बाद भारत का अगला बड़ा लक्ष्य यूरोपीय संघ के साथ समझौता करना है। अधिकारियों के मुताबिक, यूरोपीय देशों के साथ बातचीत अंतिम चरण में है और साल के अंत तक इस पर भी हस्ताक्षर हो सकते हैं। अगर ऐसा होता है, तो भारत दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के साथ सीधे व्यापारिक जुड़ाव वाला देश बन जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘मेक इन इंडिया’ अभियान को वैश्विक स्तर पर इससे बड़ी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

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